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मासूम लड़की की चूत जबरदस्ती चाटी

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प्रेषक : राकेश …

हैल्लो दोस्तों, यह स्टोरी तब की है जब में जॉब की तलाश में था, लेकिन मुझको जॉब नहीं मिली थी, तो तब मैंने सोचा कि कुछ ना कुछ किया जाना चाहिए तो तब मैंने कोचिंग करने की सोची और  मुझको एक घर में एक गर्ल की कोचिंग मिल गई। मेरी स्टूडेंट जिसको में कोचिंग पढ़ाता था, उसका नाम टीना था और उसकी उम्र 19 साल थी। उसका फिगर उस वक्त  यही कोई 30-24-28 था, वो काफ़ी अच्छी गर्ल थी। उसका पढाई के अलावा किसी चीज में इंटरेस्ट था तो वो कंप्यूटर और इंटरनेट था, लेकिन वो इंटरनेट को सिर्फ अपनी पढाई के लिए यूज करती थी, चलो अब में सीधा अपनी स्टोरी की तरफ आता हूँ। में रोज उसको 7 से 10 बजे पढ़ाने जाता था। यह बात 18 दिसम्बर की है, फिर जब में उसके घर पहुँचा तो वो घर पर अकेली थी, उसके मम्मी  पापा और उसका भाई एक प्रोग्राम में गये हुए थे।

फिर उसने आकर दरवाजा खोला और बोली कि सर अंदर आ जाओ और वो खुद अपना बैग लेने दूसरे रूम में चली गई और फिर जब वो वापस आई तो तब वो बोली कि सर मेरा पी.सी काफ़ी दिनों से हैंग हो रहा है, प्लीज जरा मेरा पी.सी ठीक कर दें, मुझको काफ़ी प्रोब्लम होती है। आज घर में भी कोई नहीं है, तो तब में बोला कि टीना तुम्हारा पी.सी कहाँ है? चलो देख लेता हूँ। फिर वो मुझको लेकर अपनी पढाई वाले रूम में ले गई और पी.सी के सामने वाली कुर्सी पर बैठकर पी.सी ऑन कर दिया। फिर उसने मेरे लिए एक दूसर कुर्सी अपनी बराबर में खींच ली और मुझको बैठने को बोली तो में बैठ गया। उसने उस दिन लाइट ब्लू कलर का सलवार कमीज पहना हुआ था, जो कि काफ़ी सिल्की था और इस वजह से उसका दुप्पटा बार-बार नीचे खिसक रहा था और अब मुझको उसके बूब्स देखने का मौका मिल रहा था।

फिर जब कई बार उसका दुप्पटा नीचे खिसका तो तब में बोला कि टीना तुम ऐसा करो अपने दुप्पटे को उतारकर रख दो, क्योंकि तुम बार-बार सही करती हो और यह बार-बार गिर जाता है और फिर में बोला कि टीना तुम ऐसा करो अपना दुप्पटा उतारकर रख दो, वैसे भी घर में में और तुम ही तो है। तब उसने थोड़ा शरमाते हुए अपना दुप्पटा उतारकर टेबल की साईड पर रख दिया और पी.सी का पासवर्ड डालकर पी.सी ऑन कर दिया। अब में दूसरी वाली कुर्सी पर बैठा था और पी.सी को देख रहा था कि तभी अचानक से मेरी नज़र टीना के सीने पर गई तो में देखता ही रह गया। उसके बूब्स बहुत ही टाईट और बड़े-बड़े थे और उसकी कमीज काफ़ी टाईट होने की वजह से और भी सेक्सी लग रही थी। अब मेरी नजर उसके बूब्स पर ही रुक गई थी कि तभी अचानक से टीना ने मुझसे मुखातिब होकर बोलना चाहा।

तब उसने देखा कि में उसके बूब्स की तरफ देख रहा हूँ, तो तब उसने अचानक से अपना दुप्पटा उठाया और अपने सीने पर रख लिया और अजीब तरह से मेरी तरफ देखकर बोली कि सर प्लीज पी.सी को देखो ना, क्या मसला है इसके साथ? यह बार-बार हैंग क्यों होता है? तो तब मैंने एकदम से पी.सी पर अपनी नजर कर ली और माउस हाथ में लेकर चैक करने लगा। अब माउस चलाते हुए मेरी कोहनी उसके बूब्स के साईड पर लग रही थी जिससे उसके बूब्स साईड से मेरी कोहनी से दब रहे थे और अब में जानबूझकर अपनी कोहनी को उसके बूब्स की साईड पर दबाता जा रहा था। अब ऐसा करने से वो कुछ-कुछ समझ गई थी कि में यह सब जानबूझकर कर रहा हूँ। तो तब वो थोड़ी अपनी कुर्सी को आगे करके बैठ गई और में एक बार फिर माउस से पी.सी को चैक करने लगा और फिर मैंने आहिस्ता से अपनी कोहनी से उसको टच करने लगा और वो मुझको पी.सी चैक करते हुए देखती रही।

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फिर मैंने अपनी कोहनी को उसके बूब्स पर रगड़ना शुरू कर दिया तो एक बार फिर से उसका दुप्पटा बार-बार नीचे गिरने लगा। तब में बोला कि टीना उतार दो ना अपना दुप्पटा। तब वो बोली कि सर आप मुझको देखने लगेंगे, जो मुझको अच्छा नहीं लगता। तब में बोला कि टीना देख ही तो रहा था, तुम वैसे भी आज इस ड्रेस में बहुत अच्छी लग रही हो। तब वो थोड़ी शर्मा सी गई। अब में समझ गया था कि इसको भी मेरा यह सब करना बुरा नहीं लग रहा है, लड़की है ना तो थोड़ी हिचकिचाहट तो होगी ही। फिर मैंने हिम्मत करके उसका दुप्पटा अपने हाथ से खुद ही उतारकर साईड में रख दिया। तब वो कुछ नहीं बोली। फिर मैंने एक बार फिर से पी.सी को देखना शुरू किया और अपनी कोहनी को उसके बूब्स पर टच करना शुरू कर दिया था।

अब वो थोड़ा अच्छा महसूस करने लगी थी। तब मेरी हिम्मत थोड़ी बढ़ी और फिर मैंने अपना एक हाथ उसकी जांघ पर रख दिया और आहिस्ता-आहिस्ता उसकी जांघो को अपनी उँगलियों से रब करना शुरू कर दिया। तब वो बोली कि सर प्लीज अपना हाथ यहाँ से हटा ले। तब मैंने पूछा कि क्यों टीना? क्या हुआ? तो तब वो बोली कि पता नहीं आपके हाथ रखने से अजीब सी फिलिंग हो रही है। तब मैंने पूछा कि क्या हुआ? तो तब वो शर्मा गई। तब मेरी हिम्मत थोड़ी और बढ़ी और फिर मैंने उसका हाथ अपने हाथों में पकड़ लिया और फिर मैंने अपने हाथों को उसके बूब्स के करीब करके दबा दिया। तब वो कुर्सी से उठकर बाहर जाने लगी, तो तब मैंने उसको पीछे से जाकर पकड़ लिया। अब वो बहुत नाराज हो रही थी और बोली कि सर प्लीज मुझको छोड़ दो, लेकिन मैंने उसको पकड़कर उसकी गर्दन के पीछे की साईड पर किस किया तो तब वो बोली कि सर प्लीज यह सब सही नहीं है। तब में बोला कि टीना प्लीज तुम बहुत अच्छी लग रही हो, प्लीज कोई घर पर भी नहीं है। तब वो बोली कि सर प्लीज मुझे यह सब अच्छा नहीं लगता। दोस्तों ये कहानी आप चोदन डॉट कॉम पर पड़ रहे है।

फिर तब मैंने पूछा कि क्यों पहले भी कभी किसी ने तुमसे ऐसा करने की कोशिश की है। तब वो बोली कि नहीं, लेकिन में ऐसी गर्ल नहीं हूँ, प्लीज आप ना करे और अब आप जाएँ, लेकिन मैंने उसको एक बार फिर से दोनों बाजुओं से पकड़कर उसकी गर्दन पर किसिंग शुरू कर दी और वो अपने आपको मुझसे छुड़ाती रही, लेकिन मैंने अपनी किसिंग जारी रखी और उसने छुड़ाने की काफ़ी कोशिश की, लेकिन मैंने उसको ज़ोर से पकडे हुए था और उसकी गर्दन पर किसिंग करता जा रहा था और फिर मैंने पीछे से ही उसके दोनों बूब्स को अपने हाथों में लेकर दबाना और उसकी गर्दन पर किसिंग करना शुरू कर दिया था। फिर वो अपने आपको छुड़ाती रही और रोने लगी प्लीज सर मुझको छोड़ दो, यह सब मेरे साथ ना करें, में ऐसी गर्ल नहीं हूँ, प्लीज मुझको छोड़ दो, लेकिन अब में तो अपनी हवस खो बैठा था और उसकी गर्दन को चूस रहा था और उसके बूब्स को दबा रहा था।

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फिर मैंने उसकी कमीज और ब्रा के अंदर अपना हाथ डालकर उसके बूब्स को दबाना शुरू कर दिया और वो चीखती रही, प्लीज सर मुझको छोड़ दो, ऐसा ना करो, प्लीज और अब में उसको उसके बूब्स से कसकर पकड़े हुए था। फिर में अपना एक हाथ उसकी सलवार में ले गया और उसकी मासूम सी चूत को रब करने लगा। अब थोड़ी देर तक उसकी चूत को रब करने से वो भी मस्त होने लगी थी और अब उसकी छुड़ाने की कोशिश कम हो गई थी, बल्कि बिल्कुल खत्म सी हो गई थी, लेकिन वो रो रही थी।  फिर मैंने उसकी चूत के अंदर अपनी एक उंगली डालनी की कोशिश की। तब वो चीख पड़ी और बोली कि प्लीज सर ऐसा ना करे। अब इस कोशिश में वो डिसचार्ज हो गई थी, तभी मुझको उसकी चूत गीली महसूस हुई, लेकिन मैंने उसको रब करना जारी रखा था। अब वो आहिस्ता-आहिस्ता ढीली पड़ गई थी और मस्त हो गई थी।

फिर मैंने उसकी सलवार को नीचे करनी की कोशिश की तो उसकी सलवार में इलास्टिक होने की वजह से मुझको ज्यादा मेहनत नहीं करनी पड़ी और उसकी सलवार नीचे हो गई और फिर मैंने उसको सोफे पर लेटा दिया और अपनी जीभ उसकी चूत पर रखकर उसकी चूत को चूसना शुरू कर दिया। अब वो मस्त से मस्त होती जा रही थी और मौन करने लगी थी, एयाया, हम्म, एयाया, प्लीज सर ऐसा ना करे, आपको कसम है आपकी माँ की, मुझको छोड़ दो, आआ, उउउ, आह, हाईईईईई, प्लीज ना सर, छोड़ दो ना, अम्म्म्म, एम्म, आआ, ओह। फिर मैंने उसकी चूत के छेद को थोड़ा सा खोला और अपनी जीभ उसकी चूत के छेद में दे दी। अब ऐसा करने से वो और मस्त हो गई थी और फिर उसने आवाजे निकालनी शुरू कर दी, आहह बस ना, आह, एम्म्म, छोड़ दो, छोड़ दो, प्लीज ना और फिर वो एक बार फिर से मेरे मुँह में ही झड़ गई और में उसकी चूत को चाटता रहा और वो आआआ, आयाया, बस ना, बस करो, प्लीज सर। वो सच में बहुत मासूम लड़की थी, वो बहुत जवान थी और फिर में उसकी चूत को चाटता रहा। फिर तभी इतने में उसके घर की बेल बजी और फिर मैंने जल्दी से अपनी शर्ट सही की और फिर में वहाँ से भाग आया और फिर उसके बाद में कभी उसके घर नहीं गया ।।

धन्यवाद …

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